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बिना नक़्शे के बन रहे सभी अवैध निर्माण होंगे सील-जिला विकास प्राधिकरण सचिव नैनीताल

नीरज जोशी, भवाली- सोमवार को फिर भवाली पहुँचकर जिला विकास प्राधिकरण सचिव ने अवैध रूप से चल रहे निर्माण कार्यो का जायजा ले सील कार्यवाही शुरू कर दिया 13 नवंबर से जिले में नए रूप से जिला विकास प्राधिकरण लागू कर दिया गया। जिसमें झील विकास प्राधिकरण के सचिव को ही जिला प्राधिकरण का सचिव बनाया गया। आपको बता दे कि पद भार लेते ही जिला प्राधिकरण सचिव ने अवैध निर्माण पर अंकुश लगाने की बात कही है. वही सचिव ने आज भवाली पहुँच नैनीताल रोड चुंगी व श्यामखेत में चल रहे सभी अवैध निर्माण सीज कर दिए। वही भवाली नगर पालिका द्वारा जो नक्शे पास किये गए है या 13 नवंबर के बाद जो नक्शे पास किये है उनके अनुरूप कार्य किया जा रहा है या नही उनको देखते हुवे कुछ अवैध निर्माण पर अंकुश लगाया है। आपको बता दे की दो दिन पूर्व ही श्यामखेत में एक अवैध कार्य को सचिव द्वारा सीज किया गया था। जिला विकास प्राधिकरण सचिव श्रीश कुमार ने बताया कि 13 नवंबर को जिला विकास प्राधिकरण का गठन हुवा है। जिसका उद्द्देश्य अवैध रूप से चल रहे निर्माण पर अंकुश लगाना है। उन्होंने बताया इस इस तरह के जो कार्य हो रहे है सब अवैध है, इनको किसी भी हाल में माफ नही किया जाएगा। जो नक्शे मानक के अनुरूप है जो पास ही नही है लोग ऐसे ही निर्माण कर रहे है जो गलत है। बताया खास कर भवाली और श्यामखेत झील विकास प्राधिकरण के अंतर्गत नही था जिसमे काफी बड़ी तादाद में अवैध निर्माण हुवा, अब जिस पर अंकुश लगाना जरूरी है। कहा अवैध निर्माण में कार्यवाही जारी रहेगी। वही बताया सरकार की मंशा है कि क्षेत्र का सुनियोजित विकास हो लेकिन सुनियोजित विकास नही हो रहा है। तभी हम विकास की ओर नही बड़ रहे है। अगर हमें विकास की ओर जाना है तो अवैध निर्माण रोकने होंगे। आज बिना नक्शो की बन रही कालोनिया बन रही है जिसका सबसे बड़ा उदाहरण स्यामखेत और इसके आस पास का क्षेत्र है। जो इस तरह के निर्माण कार्य से आच्छादित हो गया है। कहा इस तरह के अवैध निर्माण को नही होने दिया जाएगा। कहा सुनियोजित विकास में जिला प्राधिकरण की भी एक विसेष भूमिका होनी चाहिए। जो प्रधान मंत्री विकास योजनाए है उनका भी मानको के तौर पर विकास करना सुनियोजित है। बताया पहले भी प्राधिकरण में ऐसे कार्य किये गए तब परिवर्तन अप्रभावी रहा अब इसे प्रभावी बनाया जाएगा अब जो क्षेत्र प्राधिकरण में सम्मलित हुवे है उन पर अब अवैध निर्माण की जांच शुरू कर कार्यवाही की जाएगी।